Showing posts with label Fathers Day. Show all posts
Showing posts with label Fathers Day. Show all posts

18 June, 2017

पिता ... .... डॉ. शरद सिंह

Poetry of Dr (Miss) Sharad Singh


पिता
-------
आयताकार फ्रेम
और काले मोटे काग़ज़ के एल्बम पर
चिपकी हुई
देखी है जो तस्वीर
वही तस्वीर देखी है अकसर
मां के आंसुओं में

नहीं है वह सिर्फ़ एक बेजान तस्वीर
वह तो हैं पिता मेरे
मां, दीदी और मेरी स्मृतियों में जीवित

मेरी नन्हीं मुट्ठी में गरमाती है
आज भी
उनकी मज़बूत उंगली
जो चाहती थी
मैं सीख जाऊं चलना, दौड़ना, उड़ना
और जूझना इस संसार से
यही तो चाहते हैं सभी पिता
शायद ....


- डॉ शरद सिंह

HappyFathersDay

#SharadSingh #Poetry #MyPoetry
#मेरीकविताए_शरदसिंह #पिता #मां #दीदी #तस्वीर #एल्बम #संसार